महत्वाकांक्षा और प्रेम
पंकज स्वभाव से बेहद किताबी कीड़ा था। उसे बाहरी दुनिया या सामाजिक मेलजोल में कोई खास रुचि नहीं थी। उसका अपना एक छोटा सा संसार था, जो किताबों से भरा था। जब उसके पिताजी का तबादला इंदौर हुआ और वे एक पॉश मोहल्ले में फ्लैट लेकर रहने लगे, तो पंकज अपने परिवार के साथ नए … Read more